भास्कर न्यूज | जांजगीर-चांपा निजी कॉलेजों में प्राध्यापक व प्राचार्य की नियुक्ति नहीं करने वालों
की मान्यता खतरे में पड़ गई है। बिलासपुर यूनिवर्सिटी ने जल्द ऐसे कॉलेजों
की सूची तैयार कर मान्यता खत्म करने की चेतावनी निजी कॉलेज के संचालकों को
दी है।
बिलासपुर विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा जारी किए गए निर्देश में 30 मई
तक सभी को धारा 28 के तहत नियमित नियुक्ति करने के निर्देश दिए गए हैं।
बिलासपुर यूनिवर्सिटी से जुड़े संभाग के 168 कॉलेज हैं। जिनमें 30 ऐसे कॉलेज
हैं जहां पर्याप्त फैकल्टी व प्राचार्यों की नियुक्ति नहीं की गई है। इन
कॉलेजों में जिले के निजी कॉलेजों के नाम भी शामिल हैं। अभी तक बीयू
प्रशासन ने नाम सार्वजनिक नहीं किए हैं, लेकिन यदि कॉलेज संचालक शैक्षणिक
सत्र 2018-19 के लिए 30 मई से पहले यूनिवर्सिटी अनुदान आयोग के परिनियम 28
के तहत भर्ती प्रक्रिया पूरी नहीं की, तो उनके नाम पोर्टल पर सार्वजनिक कर
मान्यता रद्द की जाएगी। बीयू ऐसे कॉलेजों की जानकारी एकत्रित कर रहा है। इन
कॉलेजों को बीयू ने पहले भी चेतावनी दे चुका है, लेकिन इसके बावजूद
अधिकांश कॉलेजों में अस्थायी प्राध्यापकों व प्राचार्यों से काम चलाया जा
रहा है।