जशपुरनगर |राज्य के नए और पुराने सरकारी कॉलेजों में शिक्षकों की
कमी जल्द दूर करने असिस्टेंट प्रोफेसर के करीब 500 पदों पर भर्ती की जाएगी।
इसके आवेदन से संबंधित प्रक्रिया दो महीने के भीतर शुरू होगी। भर्ती
यूजीसी के नियम के अनुसार की जाएगी। इसके लिए भर्ती नियम बनाए जा रहे हैं।
पिछली बार 2014 में असिस्टेंट प्रोफेसर के कुल 966 पद के लिए आवेदन
मंगाए थे। कई तरह के विवादों के बाद 2017 में भर्ती की प्रक्रिया पूरी हो
सकी थी। उस समय लिखित परीक्षा व साक्षात्कार के आधार पर 465 शिक्षकों का
चयन किया गया था। इसके बाद भी कॉलेजों में बड़ी संख्या में शिक्षकों की कमी
है। उसका असर पढ़ाई पर पड़ रहा है। इस वजह एक बार फिर असिस्टेंट प्रोफेसर
के खाली पदों को भरने के लिए प्रक्रिया शुरू की जा रही है। छत्तीसगढ़ लोक
सेवा आयोग (पीएससी)के माध्यम से आवेदन मंगाए जाएंगे और भर्ती परीक्षा
आयोजित की जाएगी। पीएससी के जानकारों ने बताया कि उच्च शिक्षा विभाग यूजीसी
से निर्धारित मापदंडों के अनुसार भर्ती परीक्षा को लेकर नियम बना रहा है।
पिछली बार नियमों की वजह से ही विवाद की स्थिति बनी थी। उस समय की
स्थिति को देखते हुए ही इस बार नियमों पर खास ध्यान दिया जा रहा है।
संबंधित विषय का पेंच :
राज्य की उच्च शिक्षा में संबंधित विषय को लेकर बड़ा पेंच है। इसे अब
तक नहीं सुलझाया गया। एक जैसे विषयों को भी यहां मान्य नहीं किया जा रहा
है। जबकि दूसरे राज्यों में एक जैसे विषयों को मान्य किया जा चुका है। भाषा
विज्ञान के असिस्टेंट प्रोफेसर के लिए एमए हिंदी के उम्मीदवार को दूसरे
राज्य में मान्य किया जा रहा है। इसी तरह समाजशास्त्र के असिस्टेंट
प्रोफेसर के लिए समाज कार्य से पीजी करने वाले को भी आवेदन का अवसर है,
क्योंकि यह दोनों विषय उससे ही जुड़े हैं। लेकिन छत्तीसगढ़ में ऐसा नहीं
है। सूत्रों के मुताबिक इस बार इसे मसले को भी सुलझाने की तैयारी है।
27 विषयों पर भर्ती के आवेदन
पिछली बार असिस्टेंट प्रोफेसरों की भर्ती के लिए 27 विषयों में आवेदन
मंगाए गए थे। इस बार भी इतने ही विषय में असिस्टेंट प्रोफेसर के पद निकाले
जाएंगे। सूत्रों के मुताबिक इस बार अंग्रेजी, राजनीति विज्ञान, हिंदी,
इतिहास, समाजशास्त्र, अर्थशास्त्र में ज्यादा पद होंगे। इनकी संख्या 30 से
लेकर 50 तक हो सकती है। साइंस संकाय जैसे गणित, फिजिक्स व केमिस्ट्री में
भी 30 से 40 पद होंगे। जबकि अन्य विषयों में सीटों की संख्या कम रहेगी।